*तेरी मासूम मुस्कान*तेरी आँखों में जैसे कोई ख़्वाब ठहरा है,दिल के वीराने में जैसे गुलाब ठहरा है।वो झुकी-झुकी सी नज़रें कुछ कहती हैं,खामोश लबों पर मोहब्बत रहती है।चेहरे की सादगी दिल को छू जाती है,तेरी हर अदा रूह में उतर जाती है।तेरे माथे की बिंदिया चाँद सी लगती...