माँ शब्द में सारा जहान बसता है,माँ के आ जाने से सारा घर खिल जाता है ।माँ के होने से ही दुनिया अपनी लगती है, माँ के कदमों में तो सारा ब्रम्हांड झुक जाता है । ✍️ अरुण प्रताप सिंह "आर्या"