उम्मीद ज़िंदा हैपरिस्थिति चाहे जैसी हो,तूफ़ान चाहे कितना भी गहरा हो,वक्त का हर पन्ना बदलता है,जब मन में विश्वास का पहरा हो।छँटेंगे ये काली रात के बादल,फिर से नया सवेरा आएगा,टूट कर भी जो हिम्मत न हारे,वही तो इतिहास बनाएगा।निराशा की इस कठिन डगर पर,माना कि पाँव...